हरिद्वार। जिलाधिकारी विनय शंकर पाण्डेय के नेतृत्व में रोजगार सृजन के निमित्त वन क्षेत्रों में उत्पादित होने वाली जड़ी-बूटियों एवं सगन्ध पादप के उचित प्रबन्धन व नियोजित दोहन तथा वन क्षेत्रों में इको टूरिज्म की गतिविधियों को बढ़ावा दिये जाने के लिए बैठक आयोजित कर विचार-विमर्श किया गया।
वन विभाग के अधिकारियों ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि इको टूरिज्म में देवपुरा वन क्षेत्र एवं झिलमिल झील क्षेत्र में काफी संभावनायें हैं। लालढांग में पाली हाउस, भगवानपुर के बन्दरजूट में इको टूरिज्म, श्यामपुर के आसपास फ्लोरी कल्चर, सिटी फारेस्ट में कल्पवृक्ष वन आदि के विषय में विषेष चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को आदेष दिये बैठक में जिन भी प्रोजक्ट पर विचार-विमर्श किया गया है। उस विषय जल्दी प्रस्तुतीकरण तैयार करें ताकि इन प्रोजक्ट पर योजना तैयार की जा सके।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी पी.एल. शाह, डीएफओ मयंक शेखर झा, ग्रीन मैन विजय पाल बघेल, सचिव रेडक्रास रेश चैधरी, मुख्य कृषि अधिकारी विजय देवराड़ी, मुख्य उद्यान अधिकारी ओम प्रकाश, पर्यटन अधिकारी सुरेश सिंह यादव, वन विभाग से संदीपा शर्मा सहित अधिकारीगण उपस्थित थे।