हरिद्वार। 11 से 23 जुलाई तक हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली राज्यों से लगभग 4.5 करोड़ कांवड़ यात्री पवित्र गंगा जल लेकर लौटे। इस विशाल अध्यात्मिक आयोजन ने हरिद्वार को श्रद्धा और भक्ति से सराबोर कर दिया।
लेकिन इस आस्था के महाकुंभ के बाद, हर की पैड़ी सहित कई घाटों पर गंदगी की स्थिति उत्पन्न हो गई है। गंगा का किनारा, जो हमारी संस्कृति और आत्मा का प्रतीक है, अब हमसे एक बार फिर सेवा और जिम्मेदारी की अपेक्षा कर रहा है।
इसी उद्देश्य से 26 जुलाई, शनिवार को सुबह 7:30 बजे से “स्वच्छता महा अभियान” शुरू किया जा रहा है। यह अभियान हरिद्वार जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, नगर निगम और हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण के संयुक्त तत्वावधान में संचालित होगा।
जिलाधिकारी हरिद्वार एवं हरिद्वार-रुड़की विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष की ओर से सभी नागरिकों, संत-महात्माओं, व्यापारीगणों, समाजसेवियों, दुकानदारों और युवाओं से अपील की गई है।
वे अपने-अपने नजदीकी घाटों पर परिवार और साथियों के साथ उपस्थित होकर इस अभियान में भाग लें और गंगा के तट को फिर से निर्मल बनाने में सहयोग करें।