हरिद्वार। एण्टी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) हरिद्वार ने सराहनीय कार्य करते हुए एक गुमशुदा बालक को उसके परिजनों से मिलवाया है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम धंधड़, जनपद मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) निवासी 13 वर्षीय मुनीर पुत्र रियासत रविवार को घर से बिना बताए कहीं चला गया था और वापस नहीं लौटा। परिजनों ने स्थानीय स्तर पर व पुलिस की सहायता से उसकी काफी तलाश की, लेकिन सफलता नहीं मिली।
इसी बीच मंगलवार की रात हरिद्वार पुलिस की एण्टी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने ग्राम प्रधान से संपर्क कर बालक मुनीर के बारे में सूचना दी। सूचना मिलते ही बालक के पिता रियासत तुरंत हरिद्वार पहुंचे।
पुलिस टीम ने आवश्यक कागजी कार्यवाही पूर्ण करने के बाद बालक मुनीर और उसके पिता रियासत को बाल कल्याण समिति, हरिद्वार के समक्ष प्रस्तुत किया। विधिक प्रक्रिया और काउंसलिंग के उपरांत बालक को कनखल स्थित खुला आश्रय गृह से मुक्त कराकर पिता के सुपुर्द कर दिया गया।
इस अभियान में उपनिरीक्षक देवेंद्र कुमार, मुख्य आरक्षी राकेश कुमार, मुख्य आरक्षी बीना गोदियाल, आरक्षी दीपक चंद, आरक्षी दीपक डबराल और महिला आरक्षी शशिबाला शामिल रहे।