देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा-2025 के हाईस्कूल टॉपर 240 छात्र-छात्राओं को भारत दर्शन शैक्षिक भ्रमण के लिए हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। एससीईआरटी ननूरखेड़ा में आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने कहा कि यह भ्रमण छात्रों को भारत की तकनीक, विज्ञान, इतिहास व संस्कृति को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर देगा। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे अपनी यात्रा डायरी में अनुभव लिखने के साथ उत्तराखंड में पहली बार हुए नवाचारों व उपलब्धियों को भी दर्ज करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य ने देश में पहली बार यूसीसी लागू कर मॉडल प्रस्तुत किया, नकल-विरोधी कानून लागू किया, सतत विकास लक्ष्यों में प्रथम स्थान प्राप्त किया, कर्तव्य पथ की परेड में झांकी प्रथम रही, 27 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई और पहली बार राष्ट्रीय खेलों का आयोजन हुआ। उन्होंने बताया कि राज्य में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार विरोधी कार्रवाई हुई, 10 हजार एकड़ भूमि अतिक्रमण से मुक्त कराई गई और मदरसा बोर्ड समाप्त किया गया। डायरी मूल्यांकन के आधार पर प्रत्येक जिले से दो मेधावियों को पुरस्कृत किया जाएगा।
सीएम ने बताया कि कार्यक्रम के पहले चरण में 156 छात्रों ने वैज्ञानिक व तकनीकी संस्थानों का भ्रमण किया था, जो इस वर्ष बढ़कर 240 हो गया है। ये प्रतिभाशाली छात्र इसरो, श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र, यूआर राव उपग्रह केंद्र और विक्रम साराभाई अंतरिक्ष केंद्र का दौरा करेंगे। उन्होंने कहा कि किताबों के साथ प्रत्यक्ष अनुभव शिक्षा को कई गुना समृद्ध करता है और इससे टीमवर्क, आत्मविश्वास व सामाजिक कौशल विकसित होते हैं।
शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि वंदेमातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने पर संविधान दिवस के दिन 23 हजार स्कूलों में वंदेमातरम् का सामूहिक गायन कराया गया, जिसमें 21 लाख लोगों ने प्रतिभाग किया। उन्होंने बताया कि अगले वर्ष से एक हजार मेधावी छात्रों को शैक्षिक भ्रमण पर भेजा जाएगा। कार्यक्रम में रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ, सचिव रविनाथ रामन, अपर सचिव रंजना राजगुरु, शिक्षा महानिदेशक दीप्ति सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।