हरिद्वार। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संत शिरोमणि रविदास जयंती के अवसर पर ग्राम हेतमपुर स्थित मंदिर में पहुंचकर श्रद्धासुमन अर्पित किए और पूजा-अर्चना की। इस मौके पर उन्होंने संत रविदास जी के जीवन से प्रेरणा लेने की बात कही। सीएम धामी ने संत रविदास जयंती पर सभी को शुभकामनाएं दीं और कहा कि संत रविदास जी का जीवन प्रेरणादायक रहा है। उन्होंने बताया कि राज्य में संत रविदास जयंती पर सार्वजनिक अवकाश घोषित किया गया है, ताकि लोग उनके जीवन से प्रेरणा ले सकें।

इसी क्रम में सीएम धामी वंदना कटारिया स्पोर्ट्स स्टेडियम पहुंचे, जहां उन्होंने 38वें राष्ट्रीय खेलों के अंतर्गत कुश्ती और हॉकी प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने खिलाड़ियों से परिचय किया और उनका उत्साहवर्धन बढ़ाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के लिए राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी करना गर्व की बात है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताते हुए कहा कि नेशनल गेम्स के सभी आयोजन सफलतापूर्वक हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस बार पदक तालिका में उत्तराखंड टॉप 10 में शामिल है, जबकि 37वें राष्ट्रीय खेलों में राज्य 25वें स्थान पर था। उन्होंने कहा कि अब उत्तराखंड ‘खेल भूमि’ के रूप में स्थापित होगा, जिससे युवा खिलाड़ियों को अपने करियर को निखारने का अवसर मिलेगा। उन्होंने बताया कि हरिद्वार और देहरादून में खेल संरचनाओं का विकास किया गया है, जिससे खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। सीएम धामी ने कहा कि खेलों को बढ़ावा देकर राज्य को नशामुक्त बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब बच्चे खाली रहते हैं तो वे नशे की ओर आकर्षित हो सकते हैं, लेकिन खेल गतिविधियों से उन्हें सकारात्मक दिशा मिलेगी। 15 फरवरी से शुरू होने वाली शारदीय कांवड़ यात्रा के लिए पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। इसके साथ ही चारधाम यात्रा की तैयारियों पर भी फोकस हैं। उन्होंने बताया कि शीतकालीन यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड दौरे की संभावना है, जिसके लिए तैयारियां चल रही हैं। उन्होंने बताया कि 14 फरवरी को हल्द्वानी में राष्ट्रीय खेलों का समापन समारोह होगा। साथ ही, 2027 में हरिद्वार में अर्धकुंभ का आयोजन भी होगा, जिसके लिए अभी से कार्ययोजना बनाई जा रही है।
इस अवसर पर मेयर किरण जैसल, विधायक मदन कौशिक, आदेश चौहान, नगर पालिका अध्यक्ष राजीव शर्मा, आयुक्त गढ़वाल मंडल विनय शंकर पांडे, जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोबाल समेत कई अधिकारी व गणमान्य लोग मौजूद रहे।