हरिद्वार। उत्तराखण्ड एसटीएफ और नगर कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम ने कथित मुन्ना भाई गैंग के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से जाली प्रवेश पत्र व तीन मोबाइल बरामद हुये।
हरिद्वार में रविवार 18 अगस्त को एल.टी. की परीक्षा होनी थी। उत्तराखण्ड की एसटीएफ को मुखबिर तंत्र से सूचना मिली कि एस.वी.एम. इण्टर कॉलेज में फर्जी बाड़ा कर परीक्षा देने का षणयंत्र चल रहा है। सूचना पर पुलिस ने परीक्षा केन्द्र के इर्द-गिर्द निगरानी बढ़ा दी। पुलिस ने परीक्षा केन्द्र के समीप कारपेंटर की दुकान के पास से दो संदिग्धों को दबोचा। दोंनो से परीक्षा केन्द्र के बाहर खड़े होने का कारण पूछा गया। पूछताछ में अपना नाम उधम सिंह व अनुपम कुमार बताया। पूछताछ में आगे पता चला कि उधम सिंह सरकारी नौकरियों में फर्जी तरीके से भर्ती करवाता था। इस मामले में पहले भी जेल जा चुका है और अपने बिहार निवासी परिचित अनुपम कुमार से पेपर साल्व करवाता है । अनुपम को परीक्षा केन्द्र में जाकर अन्य परीक्षार्थी के बदले परीक्षा देनी थी, जिसके लिए उन्हें 4 लाख रूपये व चयन होने के बाद 12 लाख दिये जायेंगे। सौदा 16 लाख रूपये में तय हुआ था।
आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच में कई केंद्रीय और राज्यीय परीक्षाओं से संबंधित चैटिंग और दस्तावेज प्राप्त हुए हैं। उधम सिंह ने अपने मोबाईल से परीक्षार्थी का प्रवेश पत्र व आधार कार्ड भी शेयर किया गया है। आरोपियों पर साक्ष्यों के आधार पर नगर कोतवाली नगर में सम्बन्धित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
आरोपी पहले भी फर्जी तरीके से भर्ती कराने के मामले ब्रह्मपुरी जिला मेरठ से 2023 में जेल जा चुके है, जो फरवरी माह में जमानत में छूट कर बाहर आए थे।