हरिद्वार में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने मंगलवार को जिला पर्यटन कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यालय की व्यवस्थाओं, कार्यप्रणाली के साथ भवन एवं परिसर का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने कार्यालय परिसर में संचालित चारधाम यात्रा पंजीकरण केंद्र का भी निरीक्षण कर यात्रियों को दी जा रही सुविधाओं की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने पंजीकरण केंद्र पर यात्रियों के पंजीकरण की व्यवस्था के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कार्यालय परिसर में साफ-सफाई, रखरखाव, पेयजल, बैठने की व्यवस्था, सूचना पट्टों सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को परिसर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित रखने तथा यात्रियों और पर्यटकों के लिए बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल से पर्यटन विभाग की विभिन्न योजनाओं, पर्यटन स्थलों के विकास कार्यों और पर्यटक सुविधाओं के विस्तार की जानकारी ली। उन्होंने सभी योजनाओं और विकास कार्यों को गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने हरिद्वार के पर्यटन एवं धार्मिक पर्यटन स्थलों को और अधिक विकसित एवं आकर्षक बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि हरिद्वार की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को ध्यान में रखते हुए पर्यटन सुविधाओं का विस्तार किया जाए, ताकि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिल सके।
जिलाधिकारी ने वीर चंद्र सिंह गढ़वाली पर्यटन स्वरोजगार योजना, होम स्टे योजना सहित अन्य योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और अधिक से अधिक पात्र लोगों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से स्थानीय युवाओं और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे तथा स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।
उन्होंने कहा कि हरिद्वार देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की प्रमुख आस्था एवं पर्यटन नगरी है। ऐसे में पर्यटन स्थलों का विकास, योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन और यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।