हरिद्वार। बहुचर्चित हैप्पी हत्याकांड का खुलासा करते हुए हरिद्वार पुलिस ने देर रात हुई मुठभेड़ के बाद एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मुठभेड़ में गोली लगने से घायल आरोपी को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि उसका एक साथी मौके से फरार हो गया। पुलिस फरार आरोपी की तलाश में जुटी है। मौके से एक तमंचा, दो खोखा कारतूस, दो जिंदा कारतूस, मोबाइल फोन और बाइक बरामद की गई है। आईजी गढ़वाल ने पुलिस टीम को पांच हजार रुपये और एसएसपी ने ढाई हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है।
थाना बहादराबाद में पत्रकार वार्ता के दौरान एसएसपी नवनीत सिंह ने बताया कि 14 सितंबर को पतंजलि रोड स्थित देव धर्म कांटा, शांतिरशाह के पास शांतिरशाह निवासी हैप्पी की अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। मृतक के भाई कपिल की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर बदमाशों की तलाश और गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें गठित की गई थीं।
बदमाशों की तलाश में जुटी पुलिस टीम शुक्रवार रात नहर पटरी तिरछा पुल पर चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बाइक पर सवार दो लोगों को पुलिस ने रुकने का इशारा किया। आरोपियों ने पुलिसकर्मियों पर तमंचे से फायरिंग कर दी और बाइक को नहर पटरी पर पीछे मोड़कर कलियर की ओर भागने का प्रयास किया।
पुलिस टीम ने घटना की सूचना कंट्रोल रूम को दी, जिसके बाद सीमावर्ती थानों से अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर बुलाया गया। पुलिस के पीछा करने पर दोनों बदमाश दौलतपुर गांव के पास नहर पटरी से नदी की ओर जाने वाले रास्ते पर बाइक छोड़कर झाड़ियों की आड़ में छिप गए और पुलिस पर फायरिंग करने लगे। बदमाशों की फायरिंग में पुलिसकर्मी बाल-बाल बच गए, जबकि एक गोली सरकारी वाहन के ड्राइवर साइड की खिड़की के नीचे लगी।
पुलिस टीम ने बदमाशों की घेराबंदी कर उन्हें आत्मसमर्पण के लिए कहा, लेकिन दोनों ने फायरिंग जारी रखी। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक बदमाश के पैर में गोली लग गई। पुलिस ने उसे दबोच लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम मुद्दसिर पुत्र जमशेद, निवासी ग्राम दतौली रंगड़, थाना कोतवाली देहात, जिला सहारनपुर, उत्तर प्रदेश बताया। इस दौरान उसका दूसरा साथी मौके से फरार हो गया।
एसएसपी ने बताया कि मुठभेड़ में पकड़े गए आरोपी मुद्दसिर ने पूछताछ में बताया कि वर्ष 2022 में आरोपी इस्तकार उर्फ इस्तियाक सहारनपुर निवासी अमजद की पुत्री को भगाकर ले आया था। अमजद की ओर से कोतवाली ज्वालापुर में पॉक्सो, रेप और अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया था, जिसके बाद पुलिस ने इस्तकार उर्फ इस्तियाक को गिरफ्तार कर लिया था।
इसी मामले को लेकर इस्तकार उर्फ इस्तियाक मृतक हैप्पी पर मुखबिरी का शक करता था और दोनों के बीच रंजिश चल रही थी। जेल से बाहर आने के बाद इस्तकार स्मैक के धंधे में लिप्त हो गया। मृतक हैप्पी लगातार इस्तकार को स्मैक बेचने पर पुलिस से पकड़वाने की धमकी देता था। हैप्पी की धमकियों से परेशान होकर इस्तकार परिवार के साथ कलियर चला गया था, लेकिन हैप्पी वहां भी उसे पुलिस से पकड़वाने की धमकी देता रहा।
इसके बाद इस्तकार ने परेशान होकर अपने साथियों के साथ मिलकर हैप्पी को ठिकाने लगाने की योजना बनाई। योजना के तहत आरोपियों ने 12 सितंबर को हैप्पी की रेकी की और दो दिन बाद 14 सितंबर को गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए थे। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश में जुटी है।